Operation tiger not easy, Sanjay Raut takes presser with 3 Lok Sabha MPs in Delhi
ऑपरेशन टाइगर के चुनौतीपूर्ण रूप, संजय राऊत दिल्ली में तीन लोकसभा सदस्यों के साथ प्रेसर लेते हैं Thedeshpost.com – मुंबई से लेकर दिल्ली तक चल रहे 'ऑपरेशन टाइगर' के बारे…

ऑपरेशन टाइगर के चुनौतीपूर्ण रूप, संजय राऊत दिल्ली में तीन लोकसभा सदस्यों के साथ प्रेसर लेते हैं
Thedeshpost.com – मुंबई से लेकर दिल्ली तक चल रहे ‘ऑपरेशन टाइगर’ के बारे में बयान आसान नहीं है, जैसा कि शिव सेना (उब्त) के प्रमुख संजय राऊत ने दिल्ली में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया। शिव सेना (उब्त) के तीन लोकसभा सदस्य अनिल देसाई, अरविंद सावंत और राजभैयू वेज इस प्रेसर में शामिल थे। राऊत ने कहा कि विभाजन के प्रस्ताव को बरकरार रखना अत्यंत कठिन कार्य है। उन्होंने बताया कि इस ऑपरेशन टाइगर के तहत शिव सेना के विभाजन को अंतिम रूप से तय करने के लिए महाराष्ट्र से एक समूह विभाजन निर्णय के लिए दिल्ली में आ रहा है। राऊत ने अपने बयान में कहा कि एक बार विभाजन की गतिविधियों के बारे में रूमर्स चल रहे हैं, लेकिन इस बारे में आधिकारिक सूचना नहीं मिली है। उन्होंने लोकसभा सदस्यों को तीन व्यक्तियों के आधार पर दिल्ली के लिए आवेदन लगाने की चेतावनी दी है।
दिल्ली आने वाले लोकसभा सदस्य
शिव सेना (उब्त) के प्रमुख संजय राऊत ने बयान देते हुए कहा कि लोकसभा में शिव सेना के तीन सदस्यों अनिल देसाई, अरविंद सावंत और राजभैयू वेज दिल्ली में विभाजन के प्रस्ताव को लेकर निर्णय लेने के लिए लगे हुए हैं। राऊत ने बताया कि ये सदस्य अब तक अग्रिम रूप से 15 करोड़ रुपए के भुगतान के बारे में अवगत कराया गया है। उन्होंने आग्रह किया कि ये विभाजन के प्रस्ताव में शामिल लोकसभा सदस्य अगले चरण में स्पष्ट रूप से अपने नाम छोड़कर शिव सेना को छोड़ देना चाहिए। राऊत ने कहा कि ऑपरेशन टाइगर के तहत अंतर्गत शिव सेना के विभाजन को आसानी से बरकरार रखना दुष्कर है।
इस बैठक में राऊत ने बताया कि ऑपरेशन टाइगर के चलन के बारे में लगातार रूमर्स चल रहे हैं, जो बताते हैं कि महाराष्ट्र के विभाजन के लिए सभी सदस्य दिल्ली में जाना चाहते हैं। राऊत ने अपने बयान में कहा कि बीते दिनों दिल्ली में विभाजन के मामले में विभिन्न विचारधाराओं के बीच बातचीत जारी है। उन्होंने बताया कि शिव सेना के लोकसभा सदस्य अग्रिम रूप से विभाजन के लिए प्रस्तुत हो रहे हैं और इसके बारे में अधिक जानकारी आगामी बैठक में अधिक विस्तार से बताई जाएगी। राऊत ने यह भी कहा कि विभाजन के बाद शिव सेना और उब्त के बीच अलगाव देखने को मिलेगा।
विभाजन के प्रस्ताव के प्रभाव
राऊत ने बताया कि ऑपरेशन टाइगर के तहत अगले चरण में महाराष्ट्र के लोकसभा सदस्यों के विभाजन के प्रस्ताव को आंख में रखकर आगामी बैठक में निर्णय लिया जाएगा। उन्होंने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ चल रही कार्यवाही के बारे में भी बताया। राऊत ने कहा कि शिव सेना के विभाजन के प्रस्ताव को बरकरार रखना अत्यंत कठिन है, लेकिन उब्त क
